उस दिन तेज़ धूप थी इसलिए कपड़े जल्‍दी सूख गए।
तोसिया ने माँ के साथ कपड़े उठवाए।
फिर वे दोनों घर की तरफ़ चल पड़ीं।
तोसिया चलते-चलते आम को ही देख रही थी।